The ATI News
News Portal

जानिए इसरो के पहले सैटेलाइट की रोचक कहानी

0

Get real time updates directly on you device, subscribe now.

जानिए ISRO के पहले सैटेलाइट की रोचक कहानी

सौम्या तिवारी 

अंतरिक्ष के क्षेत्र में भारत को शक्तिशाली देश के  रूप में देखा जाता रहा है। भारत के अंतरिक्ष एजेंसी “भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संचालन” ने बहुत से अंतरिक्ष यान को अंतरिक्ष में भेजा है। पर क्या आपको पता है कि भारत का पहला अंतरिक्ष यान कब भेजा गया? और उसका नाम क्या था ?

 

जानिए इसरो के पहले सैटेलाइट की रोचक कहानी
Photo source Google

 

भारत के पहले अंतरिक्ष यान को 19 अप्रैल 1975 में भेजा गया जिसका नाम महान भारतीय खगोलशास्त्री के नाम पर ‘आर्यभट्ट’ नामित किया गया ।इसरो द्वारा निर्माण और अंतरिक्ष मे उपग्रह संचालन में अनुभव करने हेतु बनाया गया था। 96.3 मिंनट कक्षा 50.7 की डिग्री के झुकाव पर 619 किमी की भू-दुर्दशा और 563 किलोमीटर की भू-संपर्क कक्षा में स्थापित किया गया था। एक्स रे खगोलीय विज्ञान और सौर भौतिक में प्रयोग के संचालन के लिए बनाया गया था।

Read More..राजनीति का अपवाद

 

Read More..जानिए आज इस महान व्यक्ति की हुई थी मृत्यु ?

 

अंतरिक्ष यान 1.5 मीटर व्यास का एक छब्बीस तरफा बहुभाज था,सभी चेहरे सौर कोशिकाओं के साथ कवर थे। एक भारतीय बनावट की ट्रांसफार्मर की विफलता की वजह से कक्षा में 4 दिनों के बाद प्रयोग रुक गया। अंतरिक्ष यान में सभी संकेत आपरेशन के 5 दिनों के बाद खो गया था । उपग्रह ने 11 फरवरी 1992 में पृथ्वी के वायुमंडल में पुनः प्रवेश किया, उपग्रह की छवि को 1976 और 1997 के बीच भारतीय रुपया दो पैसों के रिवर्स पर दिखाया गया था । शुरुआत में माना गया कि इस सैटेलाइट को बनाने से लेकर लांच करने तक मे 3 करोड़ रुपए का खर्च आयेगा लेकिन फर्नीचर और बाकी कुछ चीज़ों को ख़रीदने के कारण बाद में यह खर्च कुछ हद तक बढ़ गया।

 

आर्यभट्ट (उपग्रह)

Leave A Reply

Your email address will not be published.